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दूरसंचार कंपनियों पर सरकार का शिकंजा! रात 12 बजे तक करना होगा 1.47 लाख करोड़ का भुगतान

नई दिल्ली। दूरसंचार विभाग (डीओटी) ने सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद टेलिकॉम कंपनियों से कहा है कि वे आज रात 12 बजे से पहले तक एडजस्टेड ग्रॉस रेवेन्यू (एजीआर) बकाया का भुगतान करे। बकाया 1.47 लाख करोड़ रुपए की राशि में 92642 करोड़ लाइसेंस फीस है और बकाया 55054 करोड़ रुपये स्पेक्ट्रम चार्जेज हैं। एक न्यूज एजेंसी के मुताबिक डीओटी इन टेलिकॉम कंपनियों को जोन और सर्किल आधारित बकाया नोटिस भेज रहा है। यूपी वेस्ट टेलिकॉम सर्किल ने सभी बकायेदारों से भुगतान करने का आदेश दिया है।

इससे पहले सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को सरकार को 1.47 लाख करोड़ रुपए का बकाया नहीं देने को लेकर दूरसंचार कंपनियों को फटकार लगाई और इन सभी कंपनियों के शीर्ष अधिकारियों को तलब कर यह बताने के लिए कहा कि बकाये को चुकाने को लेकर शीर्ष अदालत के आदेश का पालन क्यों नहीं किया गया।

न्यायमूर्ति अरुण मिश्रा की अध्यक्षता वाली पीठ ने दूरसंचार कंपनियों को चेतावनी देते हुए कहा कि अदालत उनके व सरकारी कर्मचारियों के खिलाफ आदेश नहीं मानने के लिए अवमानना की कार्यवाही शुरू कर सकती है। शीर्ष अदालत ने भारती एयरटेल, वोडाफोन, एमटीएनएल, बीएसएनएल, रिलायंस कम्युनिकेशन, टाटा कम्युनिकेशन और अन्य कंपनियों के प्रबंध निदेशकों को 17 मार्च को अदालत के समक्ष पेश होने के आदेश दिए।

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Web Title-DoT asks telecom companies to clear AGR dues by February 14 midnight
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