भुतहा झील! यहां सिर्फ कंकाल ही कंकाल...

www.khaskhabar.com | Published : सोमवार, 01 अगस्त 2016, 1:51 PM (IST)

देहरादून। देवभूमी उत्तराखण्ड कई रहस्य छुपे है जिनका आजतक पर्दापास नहीं हो सका। यहां रुपकुण्ड की झील है जिसमे कई रहस्य दफन है। दिखने में यह झील सुंदर है लेकिन भुतहा भी है। इस झील में आपको सिर्फ कंकाल ही कंकाल देखने को मिलते हैं।
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माना जा रहा है कि करीब नौ सौ साल पहले यहां इतनी ओला वृष्टि हुई कि यहां रहने वाले सभी लोग मारे गये। कंकालों की डीएनए जांच से ये बात साबित हुई है कि ये हड्डियां लगभग नौ सौ साल पहले की हैं।

हर साल जब बर्फ पिघलती है तो यहां सैकड़ों कंकाल झील के पानी में तैरते दिखाई देते हैं। इतने सारे नरकंकालों के यहां होने की वजह से ही इस झील का नाम कंकाल झील रख दिया गया है।

यहां सबसे पहले नरकंकालों की खोज 1942 में रेंजर एच के माधवल ने की थी। स्थानीय लोग इस झील में नरकंकालों के मिलने की वजह नंदा देवी का प्रकोप मानते हैं।

और तो और वो इस झील की पूजा भी करते हैं। यहां नरकंकाल हर उम्र और आकार के हैं। कुछ नरकंकालों की लंबाई तो 10 फीट से भी ज्यादा है।