अश्विन ने इन्हें बनाया छठी बार शिकार, सिर्फ...

www.khaskhabar.com | Published : रविवार, 31 जुलाई 2016, 3:09 PM (IST)

नई दिल्ली। वेस्टइंडीज के खिलाफ पहले टेस्ट में अपने ऑलराउंड प्रदर्शन के दम पर मैन ऑफ द मैच का पुरस्कार हासिल करने वाले भारतीय ऑफ स्पिनर रविचंद्रन अश्विन का शानदार फॉर्म का सिलसिला जारी है। अश्विन ने किंगस्टन (जमैका) के सबीना पार्क में शनिवार (30 जुलाई) को शुरू हुए दूसरे टेस्ट के पहले दिन जोरदार गेंदबाजी करते हुए मेजबान वेस्टइंडीज का किला 196 रन पर ही ढहा दिया।

अश्विन ने 16 ओवर में 52 रन देकर पांच विकेट झटके। अश्विन कैरेबियाई टीम के सबसे अनुभवी बल्लेबाज मार्लोन सैमुअल्स (37) का विकेट लेने में भी सफल रहे। अश्विन ने टेस्ट करिअर में छठी बार सैमुअल्स को अपना शिकार बनाया। अश्विन ऑस्ट्रेलिया के ही डेविड वार्नर को भी छह बार आउट कर चुके हैं।

अश्विन के खाते में सैमुअल्स-वार्नर से ज्यादा सिर्फ एक बल्लेबाज ऑस्ट्रेलिया के बाएं हाथ के बल्लेबाज एड कोवन का विकेट है। अश्विन ने कोवन को सात बार पैवेलियन की राह दिखाई। वैसे सैमुअल्स को सबसे ज्यादा सात बार श्रीलंकाई ऑफ स्पिनर मुथैया मुरलीधरन ने आउट किया था।

आईए अब देखें इंडीज-भारत के बीच दूसरे टेस्ट के पहले दिन के कुछ और प्रमुख आंकड़े :-

- सबीना पार्क में आठवीं बार किसी भारतीय स्पिनर ने पारी में पांच या इससे ज्यादा विकेट चटकाए, जो किसी भी देश के लिए सबसे ज्यादा है। इसके अलावा सिर्फ पांच मौकों पर यह कमाल हुआ है। अश्विन से पहले अंतिम बार इस मैदान पर वर्ष 2006 में एक ही टेस्ट में अनिल कुंबले व हरभजन सिंह ने यह करिश्मा किया था।

- अश्विन से पहले एशिया से बाहर अंतिम बार भारत की ओर से टेस्ट सीरीज में दो या ज्यादा दफा पांच या इससे ज्यादा विकेट हरभजन सिंह ने झटके थे। हरभजन वर्ष 2006 में इंडीज के खिलाफ ऐेसा करने में सफल रहे थे। तब भारत ने सीरीज 1-0 से जीती थी।

- शिखर धवन और लोकेश राहुल ने पहले विकेट के लिए 87 रन जोड़े। खास बात ये है कि भारतीय ओपनर्स ने वेस्टइंडीज के खिलाफ पिछली नौ पारियों में कुल मिलाकर सिर्फ 71 रन की साझेदारी की थी, जिसमें सबसे बड़ी भागीदारी 26 रन की थी।

- अश्विन ने अपने 34वें टेस्ट में 18वीं बार पारी में पांच विकेट लिए हैं। अश्विन से कम टेस्ट में यह उपलब्धि हासिल करने वाले सिर्फ दो गेंदबाज पाकिस्तान के वकार यूनुस (31 टेस्ट) व इंग्लैंड के सिडनी बार्न्स (24 टेस्ट) ही हैं।


- अश्विन एशिया के बाहर टेस्ट के पहले ही दिन पांच विकेट झटकने वाले चौथे भारतीय स्पिनर हैं। उनसे पहले भागवत चंद्रशेखर ने वर्ष 1976 में वेस्टइंडीज के खिलाफ ट्रिनिडाड व न्यूजीलैंड के खिलाफ ऑकलैंड में, बिशन सिंह बेदी ने 1977 में ब्रिसबेन में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ और अनिल कुंबले ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मेलबोर्न में यह कमाल दिखाया था।


- दाएं हाथ के बल्लेबाज जर्मेन ब्लैकवुड ने 47 गेंदों में अर्धशतक पूरा किया। भारत के खिलाफ टेस्ट में वेस्टइंडीज के लिए यह दूसरी सबसे तेज फिफ्टी है। सबसे तेज अर्धशतक विव रिचर्ड्स ने वर्ष 1983 में किंगस्टन में 32 गेंदों में पूरा किया था।


- 50 या इससे ज्यादा रन की पारी खेलने पर वेस्टइंडीज के चार बल्लेबाज ही भारत के खिलाफ 100 से ज्यादा के स्ट्राइक रेट के साथ रन बटोर सके हैं। जर्मेन ब्लैकवुड (62 गेंद, 62 रन) से पहले गस लोगी ने वर्ष 1987-88 में चेन्नई में 62 गेंदों पर 67 रन ठोके थे।


- वेस्टइंडीज की पारी में 12 अतिरिक्त रनों को निकाल दें तो 184 में से 54 रन (29.34 फीसदी) छक्कों से बने। किसी टेस्ट की पारी में जब बल्लेबाजों ने 150 से ज्यादा रन बनाए हो तो उसमें यह छक्कों का योगदान सबसे ज्यादा है। इससे पिछला रिकॉर्ड भी वेस्टइंडीज के नाम ही था, जब उसने इसी मैदान पर वर्ष 1982-83 में भारत के खिलाफ 168 में से 48 रन (28.57 प्रतिशत) छक्कों से ही बटोरे थे।

- वेस्टइंडीज की पारी 52.3 ओवर ही चली। भारत के खिलाफ टॉस जीतकर बल्लेबाजी चुनने के बाद यह इंडीज की सबसे छोटी पारी है। इससे पहले वर्ष 1970-71 में पोर्ट ऑफ स्पेन में भारत के खिलाफ इंडीज की पारी 72.5 ओवर तक चली थी।

- वेस्टइंडीज ने 196 रन बनाए, जो सबीना पार्क में पहली पारी में उसका तीसरा न्यूनतम स्कोर है। इससे पहले इंडीज ने इंग्लैंड के खिलाफ 1953-54 में 139 और 1989-90 में 164 रन बनाए थे।