बस हड़ताल से नाराज KCR ने 50 हजार कर्मचारियों को किया बर्खास्त, मचा बवाल

www.khaskhabar.com | Published : सोमवार, 07 अक्टूबर 2019, 08:56 AM (IST)

तेलंगाना। मुख्यमंत्री के. चंद्रशेखर राव ने सरकार के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे तेलंगाना राज्य सड़क परिवहन निगम (TSRTC) के करीब 50 हजार कर्मचारियों पर बड़ा एक्शन लेते हुए उन्हें घर बैठा दिया है। मुख्यमंत्री ने उन सभी कर्मचारियों को (हड़ताल में भाग लेने वाले कर्मचारी ) दोबारा नौकरी पर नहीं लेने का लेने का ऐलान कर दिया है। राज्य सरकार के इस फैसले से पूरे तेलंगाना में हड़कंप-सा मच गया है और राजनीतिक बवाल मच गया।

मिली जानकारी के अनुसार, शुक्रवार रात से राज्य सरकार परिवहन (TSRTC) के करीब 50 हजार कर्मचारी अपनी मांगों के लिए हड़ताल पर बैठ गए थे। त्योहारों के कारण हड़ताल की वजह से यात्रियों को काफी परेशानी हुई, लेकिन सरकार इनकी मांगों के आगे नहीं झुकी।

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मुख्यमंत्री ने इस मुद्दे पर बैठक बुलाई और साफ अल्टीमेटम देते हुए कहा कि अगर निश्चित समय के अंदर हड़ताल करने वाले कर्मचारी वापस नहीं आए तो उन्हें नौकरी पर नहीं माना जाएगा। सरकार ने अभी भी कर्मचारियों को 15 दिन का समय दिया है, इसी बीच विचार किया जाएगा कि इन्हें वापस नौकरी पर लेना है या नहीं। मुख्यमंत्री के इस आदेश के बाद राज्य में भाजपा और कांग्रेस सरकार का विरोध कर रही हैं और बस कर्मचारियों को बर्खास्त करने वाले फैसले को वापस करने की बात कह रही हैं।


हड़ताल के कारण सैकड़ों यात्री बस स्टेशनों में फंस गए हैं। 10,000 से अधिक बसें बस डिपो में ही रहने के कारण दशहरा और बतुकम्मा त्योहार के लिए घर जा रहे यात्रियों को असुविधाओं का सामना करना पड़ रहा है। अधिकारी 2100 बसों को किराए पर लेकर अस्थायी चालकों और अन्य श्रमिकों को तैनात कर बस सेवा को जैसे-तैसे संचालित कर रहे हैं, सेवा में कुछ स्कूली बसों को भी लगाया गया है।


कर्मचारियों की ये हैं मांगे...

इन कर्मचारियों की मांग थी कि उनका सरकारी सिस्टम में विलय किया जाए। इसके अलावा वेतन पुनरीक्षण, नौकरी की सुरक्षा, बकाया राशि का भुगतान और रिक्तियों को सरकार की तरफ से भरा जाए। संगठन के अनुसार काम कर रहे 50 फीसदी से ज्यादा लोग अनुबंध के आधार पर कार्यरत हैं, इन्हें पक्का किया जाए। इसके अलावा बसों की संख्या भी बढ़ाई जाए।