20 हजार करोड़ की परियोजना से बुझेगी इन जिलों की प्यास... जिलों के नाम यहां देखें

www.khaskhabar.com | Published : सोमवार, 10 सितम्बर 2018, 9:11 PM (IST)

चूरू/सादुलपुर/तारानगर/जयपुर। मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे ने कहा कि राजस्थान को ताजेवाला हैड से यमुना नदी के उसके हिस्से का पानी मिलेगा। यह पानी पाइपलाइन के जरिये राजस्थान में आएगा। करीब 20 हजार करोड़ की इस महत्वाकांक्षी परियोजना पर केंद्रीय जल आयोग की स्वीकृति मिल चुकी है। इसकी डीपीआर बनाने का काम इसी माह में पूरा हो जाएगा और बहुत जल्द इस पर काम शुरू होगा।
राजे सोमवार को चूरू जिले के सादुलपुर (राजगढ़) तथा तारानगर में जनसभाओं को संबोधित कर रही थीं। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस महत्वपूर्ण परियोजना के तहत सादुलपुर क्षेत्र में बांध बनाया जाएगा और इसके पूरा होने से झुंझुनूं, सीकर और चूरू जिले को पेयजल मिलेगा। साथ ही करीब 37 हजार हैक्टयर भूमि को सिंचाई का पानी मिलेगा। उन्होंने कहा कि राजस्थान सहित पांच राज्यों के बीच करीब 24 साल पुराने हुए यमुना नदी जल के बंटवारे के समझौते के तहत राजस्थान को 1917 क्यूसेक के उसके हिस्से का पानी दिलाने में केंद्र सरकार भी पूरी मदद करेगी।

जल्द करेंगे बूंगी-राजगढ़ पेयजल परियोजना का लोकार्पण
मुख्यमंत्री ने कहा कि सादुलपुर क्षेत्र की पेयजल समस्या का निराकरण करने का काम हमारी सरकार ने किया। करीब 272 करोड़ की इस पेयजल परियोजना का लोकार्पण भी जल्द ही हम करेंगे। इस प्रोजेक्ट से चूरू जिले के 175 गांव और राजगढ़ कस्बा लाभान्वित होंगे। राजे ने कहा कि राज्य सरकार 36 की 36 कौमों, हर मजहब, हर वर्ग और हर शख्स की उन्नति का लक्ष्य लेकर काम कर रही है। उन्होंने कहा कि हमने सबको समभाव से देखते हुए बिना किसी भेदभाव के विकास करने में कोई कसर बाकी नहीं छोड़ी है। उन्होंने सशक्त, उन्नत और प्रगतिशील राजस्थान बनाने के लिए आमजन का आह्वान किया कि वे विकास के इस सफर को पूरी तरह कामयाब बनाने में हमारी सरकार का साथ दें।

सरकार की योजनाओं से हर वर्ग को मिला संबल





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उन्होंने कहा कि हमारी सरकार ने अपनी कल्याणकारी योजनाओं से करोड़ों लोगों का जीवन बदलने का काम किया है। राज्य सरकार की योजनाएं बालिका के जन्म से लेकर वृद्धावस्था तक महिलाओं का संबल बनी हैं। भामाशाह योजना, राजयोजना, पालनहार योजना, सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं, छात्राओं को साइकिल, स्कूटी, लैपटॉप वितरण, छात्रवृत्ति, स्कूल आने-जाने के लिए ट्रांसपोर्ट वाउचर जैसी कितनी ही योजनाओं ने महिलाओं के जीवन को आसान बनाकर उन्हें शिक्षित, सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने में योगदान दिया है।

70 करोड़ से तारानगर के सिंचाई तंत्र को मजबूत किया


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तारानगर की सभा में मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ने तारानगर विधानसभा क्षेत्र में 70 करोड़ रुपए व्यय कर सिंचाई तंत्र को मजबूत करने का काम किया है। उन्होंने कहा कि कुम्भाराम आर्य लिफ्ट नहर से फव्वारा सिंचाई सुविधा उपलब्ध करवाने के लिए काम शुरू कर दिया गया है।

आपणी योजना में तीन हजार से अधिक आबादी वाले गांवों में घर-घर पहुंचेगा पानी
मुख्यमंत्री ने कहा कि आपणी योजना का पुनर्गठन कर डीपीआर लगभग तैयार हो चुकी है। आपणी योजना में तीन हजार से अधिक आबादी वाले गांवों में घर-घर पानी पहुंचाया जाएगा। उन्होंने कहा कि यह काम पूरा होते ही इस क्षेत्र की पानी की समस्या काफी हद तक दूर हो जाएगी।

435 करोड़ की सड़क का काम शीघ्र शुरू होगा

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राजे ने कहा कि करीब 435 करोड़ रुपए के स्टेट हाइवे संख्या 6 राजगढ़-तारानगर-सरदारशहर-डूंगरगढ़ के टेंडर हो चुके हैं। 160 किलोमीटर लंबी इस सड़क का काम शीघ्र शुरू हो जाएगा। इसी प्रकार एडीबी योजना में 74 करोड़ की लागत से चूरू-भालेरी सड़क का विकास कार्य करवाया जा रहा है। तारानगर में राजकीय महिला महाविद्यालय भी खोला गया है, जिसका भवन 3 करोड़ की लागत से बनवाया जा रहा है।


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मुख्यमंत्री ने राजगढ़ सादुलपुर एवं तारानगर में राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम तथा राजयोजना के लाभार्थियों को मंच पर बुलाया और उन्हें राज्य सरकार की कल्याणकारी योजनाओं के मिल रहे लाभ से उपस्थित जनसमूह को अवगत कराया। मुख्यमंत्री ने यहां दो अंडरब्रिज की भी घोषणा की।


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तारानगर और राजगढ़ की सभाओं में ग्रामीण विकास एवं पंचायतीराज मंत्री राजेन्द्र राठौड़, देवस्थान राज्यमंत्री राजकुमार रिणवा, सांसद नारायण पंचारिया, सांसद संतोष अहलावत एवं राहुल कस्वां, जन अभाव अभियोग निराकरण समिति के अध्यक्ष श्रीकृष्ण पाटीदार, विधायक अशोक परनामी, राज्य अनुसूचित जाति आयोग के अध्यक्ष सुंदरलाल काका, राज्य अनुसूचित जनजाति आयोग के उपाध्यक्ष जितेन्द्र मीणा, विधायक जयनारायण पूनिया, खेमाराम मेघवाल, अभिषेक मटोरिया, राज्य समाज कल्याण बोर्ड की अध्यक्ष कमला कस्वां, पूर्व सांसद रामसिंह कस्वां सहित बड़ी संख्या में अन्य जनप्रतिनिधि भी मौजूद थे।

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