चामलिंग बोले-गोरखालैंड मामले में हस्तक्षेप करे केन्द्र नहीं तो जाएंगे SC

www.khaskhabar.com | Published : रविवार, 09 जुलाई 2017, 09:51 AM (IST)

नई दिल्ली। गोरखालैंड की मांग को लेकर चल रहे प्रदर्शन में सिक्किम के सीएम ने केन्द्र से हस्तक्षेप की मांग की है। सीक्किम के सीएम चामलिंग ने कहा है कि केन्द्र सरकार अगर इस मामले में काई त्वरित कार्रवाई नहीं करती है तो वे सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाएंगे। चामलिंग ने एक प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि केन्द्र सरकार सिक्किम के हित में गोरखालैंड के मुद्दे को संज्ञान में ले और मामले को सुलझाने के लिए हस्तक्षेप करे। साथ ही उन्होनें कहा कि अगर केन्द्र इस मामले को सुलझाने के लिए कोई त्वरित कार्रवाई नहीं करती है तो वे सुप्रीम कोर्ट जाएंगे। ज्ञातव्य है कि गोरखालैंड की मांग को लेकर सिक्किम में प्रदर्शन हो रहे हैं। ये प्रदर्शन हिंसक होते जा रहे हैं।

शनिवार को तीन लोगों की मौत के बाद दार्जलिंग के टॉय ट्रेन स्टेशन में तोडफोड की गई। साथ ही प्रदर्शकारियों ने टीएमसी के दफ्तर को आग के हवाले कर दिया। पुलिस की गाडियों में भी तोडफोड और आगजनी की गई। ज्ञातव्य है कि एनएच 10 पिछले माह की 15 तारीख से बंद है। ज्ञातव्य है कि एनएच 10 उत्तर बंगाल के सिलिगुडी को गंगटोक से जोडने वाला एकमात्र राज्य मार्ग है जो सिक्किम को पूरे देश से जोडता है।

ये भी पढ़ें - अपने राज्य - शहर की खबर अख़बार से पहले पढ़ने के लिए क्लिक करे

वहीं सीएम चामलिंग का आरोप है कि यह हाइवे बंद होने से पश्चिम बंगाल सरकार गोरखालैंड मामले को ठीक से नहीं देख पा रही है। जिसका खामियाजा सिक्किम को भुगतना पड रहा है। चामलिंग का कहना है कि पश्चिम बंगाल के साथ हाइवे शेयर करने को लेकर ऐसा पहले भी होता रहा है लेकिन पिछले 20 दिनों में जब से यह आंदोलन शुरू हुआ तो यहां हालात काफी बुरे हो गए हैं। उन्होनें कहा कि पिछले 30 वर्षों में ऐसे अवरोधों के चलते सिक्किम को 60,000 करोड रुपये के करीब का नुकसान हो चुका है। वहीं पिछले 20 दिनों में राज्य को 200 करोड रुपये तक का नुकसान हो चुका है।

ये भी पढ़ें - ऐसे करें पूजा, घर में कभी नहीं आएगी धन की कमी