• Aapki Saheli
  • Astro Sathi
  • Business Khaskhabar
  • ifairer
  • iautoindia
1 of 1

‘इंडिया डे@UNGA’: एआई, नवाचारी समाधानों और विकासशील देशों में सहयोग पर ज़ोर

 - World News in Hindi

हाल ही में, न्यूयॉर्क में यूएन महासभा के 81वें सत्र के दौरान विश्व नेताओं के सम्बोधनों और अहम बैठकों की गहमागहमी रही. इसी दौरान, पाँचवें भारत दिवस (‘इंडिया डे @ UNGA) का आयोजन भी हुआ, जिसमें यह चर्चा हुई कि कृत्रिम बुद्धमिता (एआई), डिजिटल सार्वजनिक बुनियादी ढाँचे, स्वास्थ्य कल्याण व समावेशी विकास में भारत के अनुभव, अन्य विकासशील देशों के लिए किस तरह से उपयोगी साबित हो सकते हैं. भारत में संयुक्त राष्ट्र कार्यालय, रिलायंस फ़ाउंडेशन और ऑब्ज़र्वर रिसर्च फ़ाउंडेशन द्वारा 24 सितम्बर को आयोजित एक कार्यक्रम में भारत के सफल विकास समाधानों को बड़े पैमाने पर अपनाने और अन्य देशों तक पहुँचाने पर ज़ोर दिया गया. Tweet URL

‘भारत से दुनिया तक: वैश्विक प्रभाव के लिए विकास नवाचारों का विस्तार’ सत्र में सरकारों, बहुपक्षीय संस्थानों, नागरिक समाज और निजी क्षेत्र ने सफल विकास समाधानों को अपनाने के तरीक़ों पर विचार किया.भारत में संयुक्त राष्ट्र के रैज़िडेंट कोऑर्डिनेटर स्टेफ़ान प्रीज़नर ने टिकाऊ विकास लक्ष्यों (एसडीजी) की समयसीमा को ध्यान दिलाते हुए कहा कि, “2030 आने में चार वर्ष बचे हैं. यह समय बहुत लम्बा नहीं है, लेकिन इतना ज़रूर है कि भारत में सफल रहे समाधान दुनिया तक पहुँच सकें.”उन्होंने कहा कि लक्ष्य यह है कि नवाचार को “हर घर और हर व्यक्ति के लिए अवसर” में बदल दिया जाए.विकास के लिए एआईएआई की बढ़ती भूमिका भी विमर्श का प्रमुख विषय रही कि टैक्नॉलॉजी से स्वास्थ्य, शिक्षा और सार्वजनिक सेवाओं को बेहतर बनाने तथा डिजिटल सार्वजनिक बुनियादी ढाँचे के ज़रिए दैनिक जीवन में किस तरह से सुधार लाया जा सकता है. इनके अलावा, एआई प्रणाली की देखरेख व संचालन व्यवस्था, डेटा, संस्थागत क्षमता और प्रौद्योगिकी के ज़िम्मेदार इस्तेमाल पर भी चर्चा हुई.सहयोग के नए मॉडलमंत्रिस्तरीय सत्र ‘दरारें और सुरक्षा-कवच: बदलती दुनिया के लिए नए सेतु’ में इस बात पर चर्चा हुई कि भू-राजनैतिक, जलवायु और टैक्नॉलॉजी में बदलाव वैश्विक विकास एजेंडा को किस तरह से प्रभावित कर रहे हैं.भारत के विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने संयुक्त राष्ट्र की केन्द्रीय भूमिका को रेखांकित करते हुए कहा कि संयुक्त राष्ट्र अन्तरराष्ट्रीय व्यवस्था के केन्द्र में है और BRICS देशों का समूह संयुक्त राष्ट्र प्रणाली का समर्थक है. "BRICS ने जिन मुद्दों को प्रमुखता दी है, उनमें सतत विकास और सहयोग शामिल हैं, जो आज संयुक्त राष्ट्र के लिए भी अहम मुद्दे हैं... BRICS ने इन मुद्दों को आगे बढ़ाकर संयुक्त राष्ट्र के उद्देश्यों को मज़बूत करने में भी भूमिका निभाई है."घाना के विदेश मंत्री सैमुअल ओकुडज़ेटो अबलाक्वा ने समान भागेदारी पर ज़ोर देते हुए कहा, “हमें समान साझीदारों के रूप में बातचीत की मेज़ पर आना होगा और ऐसी किसी व्यवस्था से बचना होगा, जो हमें कमज़ोर बनाए.” © UN India/ORF/Reliance Foundation भारत में संयुक्त राष्ट्र के रैज़िडेंट कोऑर्डिनेटर स्टेफ़ान प्रीज़नर, न्यूयॉर्क में India Day @ UNGA प्रकाशन के विमोचन के अवसर पर. अनुभवों से सीखइस कार्यक्रम में ‘टैक्नॉलॉजी से ज़मीन तक: भारत की एआई क्रान्ति’ नामक रिपोर्ट भी जारी की गई.18 अध्यायों वाली इस रिपोर्ट में भारत में विभिन्न क्षेत्रों में एआई के इस्तेमाल और बड़े पैमाने पर उसके उपयोग से जुड़े अनुभव प्रस्तुत किए गए हैं.2022 से ‘इंडिया डे @ UNGA’ ने भारत के विकास अनुभवों और नवाचारों को 'ग्लोबल साउथ' व अन्य देशों के साथ साझा करने के मंच की भूमिका निभाई है.

यह भी पढ़े

Web Title-
खास खबर Hindi News के अपडेट पाने के लिए फेसबुक पर लाइक और ट्विटर पर फॉलो करे!
(News in Hindi खास खबर पर)
Tags: hindi news, news in hindi, breaking news in hindi, real time news, hindi news, news in hindi, breaking news in hindi, real time news
Khaskhabar.com Facebook Page:

प्रमुख खबरे

आपका राज्य

Traffic

जीवन मंत्र

Daily Horoscope

वेबसाइट पर प्रकाशित सामग्री एवं सभी तरह के विवादों का न्याय क्षेत्र जयपुर ही रहेगा।
Copyright © 2026 Khaskhabar.com Group, All Rights Reserved