• Aapki Saheli
  • Astro Sathi
  • Business Khaskhabar
  • ifairer
  • iautoindia
1 of 1

नेपाल में 1500 भारतीय मानसरोवर यात्री फंसे

Over 1,500 Mansarovar pilgrims from India stranded in Nepal - World News in Hindi

काठमांडू। तिब्बत में कैलाश मानसरोवर यात्रा पूरी करने के बाद वापस लौट रहे 1,500 से अधिक भारतीय नागरिक भारी बारिश और खराब मौसम के कारण नेपाल के हुमला जिले में स्थित सिमिकोट में फंस गए हैं। काठमांडू में भारतीय दूतावास के प्रथम सचिव प्रणव गणेश ने कहा, ‘‘खराब मौसम के कारण बचाव अभियान में बाधा आ रही है। कुछ श्रद्धालु नेपाल-तिब्बत सीमा के समीप हिलसा में फंसे हुए हैं, जबकि कुछ सिमिकोट में फंसे हुए हैं।’’ दूतावास ने कहा कि सिमिकोट में 525, हिलसा में 550 और तिब्बत में 500 से अधिक श्रद्धालु फंसे हुए हैं। उन्होंने कहा कि हालात पर लगातार निगरानी रखी जा रही है और जैसे ही मौसम में सुधार होगा, श्रद्धालुओं को हेलीकॉप्टर से नेपालगंज लाया जाएगा। भारतीय दूतावास ने कहा, ‘‘तीन जुलाई की सुबह तक मौसम खराब बना रहा, और निकासी उड़ानें संचालित किए जाने की संभावना काफी कम है।’’ नेपाल में मौसम की स्थिति सोमवार से ही खराब बनी हुई है। निरंतर मूसलाधार बारिश में कम से कम एक दर्जन लोगों की मौत हो गई है।
सिमिकोट में भारतीय अधिकारी बुजुर्ग श्रद्धालुओं को चिकित्सा मदद मुहैया करा रहे हैं। भारत सरकार ने फंसे हुए लोगों को अपने परिवार से संपर्क साधने के लिए हॉटलाइन सेवा शुरू की है।
भारतीय मिशन ने क्षेत्र में सभी टूर ऑपरेटरों से श्रद्धालुओं को यथासंभव तिब्बत में रोक कर रखने को कहा है, क्योंकि नेपाल में चिकित्सा और नागरिक सुविधाएं अपर्याप्त हैं। दूतावास निकासी के लिए नेपाल सेना के हेलीकॉप्टरों का इस्तेमाल करने का भी प्रयास कर रहा है।

ये भी पढ़ें - अपने राज्य - शहर की खबर अख़बार से पहले पढ़ने के लिए क्लिक करे

यह भी पढ़े

Web Title-Over 1,500 Mansarovar pilgrims from India stranded in Nepal
खास खबर Hindi News के अपडेट पाने के लिए फेसबुक पर लाइक और ट्विटर पर फॉलो करे!
(News in Hindi खास खबर पर)
Tags: mansarovar pilgrims, india, nepal, mansarovar नेपाल, भारत, मानसरोवर यात्री, hindi news, news in hindi, breaking news in hindi, real time news
Khaskhabar.com Facebook Page:

प्रमुख खबरे

आपका राज्य

Traffic

जीवन मंत्र

Daily Horoscope

वेबसाइट पर प्रकाशित सामग्री एवं सभी तरह के विवादों का न्याय क्षेत्र जयपुर ही रहेगा।
Copyright © 2026 Khaskhabar.com Group, All Rights Reserved