• Aapki Saheli
  • Astro Sathi
  • Business Khaskhabar
  • ifairer
  • iautoindia
1 of 1

अमेरिकी भारतीय आदिवासी नेताओं ने कांग्रेस से अधिक पुलिस और रोकथाम कार्यक्रमों की मांग की

Native American Tribal Leaders Demand More Police and Prevention Programs from Congress - World News in Hindi

वाशिंगटन । अमेरिकी भारतीय आदिवासी नेताओं और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने कांग्रेस से अधिक पुलिस अधिकारियों की तैनाती और मजबूत रोकथाम कार्यक्रमों की मांग की है। उन्होंने यह भी चेतावनी दी है कि कानून प्रवर्तन की कमी और सामाजिक सेवाओं में कमियों के कारण मूल अमेरिकी बच्चों और परिवारों की सुरक्षा खतरे में है। सीनेट की इंडियन अफेयर्स कमेटी के सामने गवाहों ने प्रस्तावित नेटिव चिल्ड्रन्स कमीशन इम्प्लीमेंटेशन एक्ट का समर्थन किया। यह विधेयक मूल अमेरिकी युवाओं के लिए न्याय और सुरक्षा कार्यक्रमों का विस्तार करेगा, रोकथाम फंडिंग को और अधिक लचीला बनाएगा व पीड़ितों से जुड़ी प्रमुख सेवाओं को स्थायी रूप से अधिकृत करेगा। कमेटी की चेयरपर्सन लिसा मुर्कोव्स्की ने कहा कि सांसद ड्राफ्ट बिल के टाइटल-2 की जांच कर रहे हैं, जो मूल निवासी बच्चों, युवाओं और परिवारों के लिए न्याय और सुरक्षा पर केंद्रित है। उन्होंने कहा कि समिति के काम से यह स्पष्ट हुआ है कि इंडियन कंट्री में सार्वजनिक सुरक्षा में लगातार खामियां बनी हुई हैं, खासकर कानून प्रवर्तन और समन्वित सेवाओं के क्षेत्र में।
मुर्कोव्स्की ने कहा, "अगर परिवारों को समन्वित समुदाय-आधारित सेवाओं तक पहुंच नहीं मिलती है, तो उनके न्याय प्रणाली में और गहराई तक जाने की संभावना बहुत अधिक होती है।" उन्होंने कहा कि ड्राफ्ट का लक्ष्य समन्वय को मजबूत करना, लचीलापन और फंडिंग बढ़ाना व रोकथाम में निवेश करना है, जिसमें किशोर न्याय, घरेलू हिंसा और लापता बच्चों से जुड़े मामले शामिल हैं।
बिल की एक मुख्य विशेषता 'तिवाहे' है, जो एक समन्वित सेवा मॉडल है जो जनजातियों को स्थानीय रूप से तैयार कार्यक्रम डिजाइन करने की अनुमति देता है। मुर्कोव्स्की ने कहा कि यह कानून तिवाहे को संहिताबद्ध करेगा और इसे देशभर में विस्तारित करेगा। यह किशोर न्याय पर एक जनजातीय सलाहकार समिति भी बनाएगा, लापता मूल निवासी बच्चों के बारे में गहराई से जांच-पड़ताल (रिसर्च) की जाएगी।। इसके अलावा यह जनजातीय घरेलू हिंसा गठबंधन, संसाधन केंद्रों और नेटिव डोमेस्टिक वायलेंस हॉटलाइन के लिए स्थायी फंडिंग प्रदान करेगा।
स्पिरिट लेक ट्राइबल काउंसिल की चेयरपर्सन लोना जैक्सन-स्ट्रीट ने कहा कि उनकी नॉर्थ डकोटा जनजाति गंभीर सार्वजनिक सुरक्षा चुनौतियों का सामना कर रही है। उन्होंने कहा, "हमारी हत्या दर गैर-हिस्पैनिक गोरों की तुलना में चार गुना अधिक है। इस साल अकेले रिजर्वेशन पर पांच हत्याएं हुई हैं।"
उन्होंने कहा कि स्पिरिट लेक का तिवाहे कार्यक्रम युवाओं और परिवारों को न्याय प्रणाली में प्रवेश करने से पहले और उसके संपर्क में आने के बाद समर्थन देने के लिए एक समुदाय-आधारित दृष्टिकोण का उपयोग करता है।
जैक्सन-स्ट्रीट ने लापता और मारे गए स्वदेशी लोगों के चल रहे मामलों का भी जिक्र किया और कहा कि त्वरित समन्वय महत्वपूर्ण है। उन्होंने जनजातियों के लिए संसाधन की कमी का हवाला देते हुए कानून प्रवर्तन फंडिंग में बड़ी वृद्धि की मांग की।
फोर्ट बेल्कनैप इंडियन कम्युनिटी काउंसिल की सदस्य जोन जॉनसन ने कहा कि तिवाहे ने उनके दूरस्थ मोंटाना आरक्षण क्षेत्र में सेवाओं को पूरी तरह बदल दिया है, जो कनाडाई सीमा से केवल 35 मील दूर स्थित है।
स्ट्रॉन्गहार्ट्स नेटिव हेल्पलाइन की कार्यकारी निदेशक लॉरी जंप ने सीनेटरों से कहा कि मूल अमेरिकी समुदायों में हिंसा की दर सबसे अधिक है, लेकिन सेवाओं तक पहुंच सबसे कम है। उन्होंने बताया कि 575 संघीय रूप से मान्यता प्राप्त जनजातियां हैं, लेकिन आधे से भी कम के पास घरेलू हिंसा कार्यक्रमों के लिए फंडिंग है।
नेटिव चिल्ड्रन्स कमीशन की पूर्व सदस्य अनिता फाइंडे ने जनजातियों के लिए संघीय बाल कल्याण फंडिंग को रोकने की बाधाओं का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि जटिल रिपोर्टिंग जरूरतें (फोर-ई) फंडिंग तक पहुंच को सीमित करती हैं। बहुत कम जनजातियां इसका उपयोग कर पाती हैं। उन्होंने कांग्रेस से आग्रह किया कि प्रशासनिक बोझ को कम करने के लिए जनजातियों को समेकित '477' समझौतों के माध्यम से इन फंडों तक पहुंचने की अनुमति दी जाए।
बता दें कि कांग्रेस की ओर से बनाए गए नेटिव चिल्ड्रेन कमीशन ने नेटिव बच्चों के सामने आने वाली असमानताओं का दस्तावेजीकरण किया। इसमें किशोर न्याय, बाल कल्याण और सार्वजनिक सुरक्षा पर सिफारिशें की गईं।
--आईएएनएस

ये भी पढ़ें - अपने राज्य / शहर की खबर अख़बार से पहले पढ़ने के लिए क्लिक करे

यह भी पढ़े

Web Title-Native American Tribal Leaders Demand More Police and Prevention Programs from Congress
खास खबर Hindi News के अपडेट पाने के लिए फेसबुक पर लाइक और ट्विटर पर फॉलो करे!
(News in Hindi खास खबर पर)
Tags: congress, american tribal leaders, america, hindi news, news in hindi, breaking news in hindi, real time news
Khaskhabar.com Facebook Page:

प्रमुख खबरे

आपका राज्य

Traffic

जीवन मंत्र

Daily Horoscope

वेबसाइट पर प्रकाशित सामग्री एवं सभी तरह के विवादों का न्याय क्षेत्र जयपुर ही रहेगा।
Copyright © 2026 Khaskhabar.com Group, All Rights Reserved