• Aapki Saheli
  • Astro Sathi
  • Business Khaskhabar
  • ifairer
  • iautoindia
1 of 1

जापान रक्षा क्षेत्र में एआई और मानवरहित तकनीक का इस्तेमाल तेज करेगा: प्रधानमंत्री ताकाइची

Japan to Accelerate Use of AI and Unmanned Technology in Defense: PM Takaichi - World News in Hindi

टोक्यो । जापान अपनी रक्षा तैयारियों में कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) और मानवरहित तकनीक के इस्तेमाल को तेजी से बढ़ाने की तैयारी कर रहा है। प्रधानमंत्री सनाए ताकाइची ने बुधवार को इस मसले पर सेल्फ-डिफेंस फोर्सेज (एसडीएफ) के वरिष्ठ अधिकारियों से बात की। उन्होंने कहा कि ट्रेडिशनल सैन्य उपकरणों की तुलना में तेजी से विकसित हो रही नई तकनीकों को रक्षा व्यवस्था में जल्द शामिल करना जरूरी है। जापानी न्यूज एजेंसी क्योडो के अनुसार, एसडीएफ की कमांडर-इन-चीफ के तौर पर वरिष्ठ सैन्य अधिकारियों को संबोधित करते हुए ताकाइची ने कहा कि एआई और मानवरहित रक्षा प्रणालियों जैसी तकनीकों को ज्यादा तेजी से अपनाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि इन तकनीकों का विकास पारंपरिक रक्षा उपकरणों की तुलना में बिल्कुल अलग गति से हो रहा है। ताकाइची ने कहा कि जापान इस साल के अंत तक अपनी तीन प्रमुख राष्ट्रीय सुरक्षा और रक्षा दस्तावेजों में संशोधन करने की तैयारी कर रहा है। ये दस्तावेज अगले कई वर्षों के लिए देश की रक्षा नीति की दिशा तय करेंगे।
उन्होंने कहा, "संशोधित दस्तावेज जापान की रक्षा क्षमताओं को मजबूत करने के लिए एक नई दिशा तय करेंगे। इसके पीछे बदलता क्षेत्रीय सुरक्षा माहौल है, जहां कई देश एआई को सैन्य प्रणालियों के साथ जोड़ने और बड़े पैमाने पर मानवरहित विमानों के इस्तेमाल की क्षमता विकसित करने में तेजी दिखा रहे हैं।"
जापान की मौजूदा राष्ट्रीय सुरक्षा रणनीति और दो अन्य प्रमुख रक्षा दस्तावेज 2022 में तैयार किए गए थे। इन्हें अगले करीब 10 वर्षों की रक्षा नीति को ध्यान में रखकर बनाया गया था, लेकिन अब ताकाइची सरकार ने इनके संशोधन की समयसीमा आगे बढ़ाने का फैसला किया है।
इसके पीछे मुख्य वजह पूर्वी एशिया में तेजी से बदलते समीकरण है। जापान विशेष रूप से चीन की बढ़ती सैन्य क्षमता और उत्तर कोरिया के परमाणु एवं मिसाइल कार्यक्रम को लेकर चिंतित है।
टोक्यो का मानना है कि युद्ध का स्वरूप तेजी से बदल रहा है। ऐसे में केवल पारंपरिक लड़ाकू विमानों, युद्धपोतों या अन्य सैन्य प्लेटफॉर्म पर निर्भर रहना पर्याप्त नहीं होगा। एआई से लैस सिस्टम, ड्रोन और अन्य मानवरहित प्लेटफॉर्म भविष्य की सैन्य रणनीति में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।
जापान पर अमेरिका की ओर से भी रक्षा खर्च बढ़ाने का दबाव है। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप का प्रशासन अपने सहयोगी देशों से रक्षा क्षेत्र में ज्यादा निवेश करने की मांग करता रहा है।
2022 में जापान ने अपनी रक्षा नीति में बड़ा बदलाव करते हुए ‘काउंटरस्ट्राइक क्षमता’ हासिल करने का फैसला किया था। यह कदम द्वितीय विश्वयुद्ध के बाद अपनाई गई उसकी पारंपरिक रूप से रक्षात्मक सैन्य नीति में महत्वपूर्ण बदलाव माना गया।
उसी समय जापान ने रक्षा खर्च को सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) के 2 प्रतिशत तक ले जाने का लक्ष्य भी तय किया था।
अब एआई और मानवरहित सैन्य तकनीकों पर जोर इस बात का संकेत है कि जापान अपनी रक्षा नीति को केवल ज्यादा हथियार खरीदने तक सीमित नहीं रखना चाहता, बल्कि तकनीकी बदलावों के साथ अपनी सैन्य क्षमता को भी बदलना चाहता है।
रक्षा मंत्रालय और सेल्फ-डिफेंस फोर्सेज के शीर्ष कमांड अधिकारियों की यह बैठक ताकाइची के पिछले साल अक्टूबर में प्रधानमंत्री पद संभालने के बाद पहली बार हुई है।
यह बैठक पहली बार 1964 में आयोजित की गई थी और आम तौर पर हर साल होती रही। हालांकि सितंबर 2019 के बाद इसमें नियमितता नहीं रही। कोरोना महामारी के दौरान 2020 में इसे दूरस्थ माध्यम से आयोजित किया गया था।
अब करीब सात साल बाद शीर्ष सैन्य अधिकारियों की यह बैठक ऐसे समय हुई है जब जापान अपनी रक्षा नीति की अगली दिशा तय करने की तैयारी कर रहा है।
--आईएएनएस

ये भी पढ़ें - अपने राज्य / शहर की खबर अख़बार से पहले पढ़ने के लिए क्लिक करे

यह भी पढ़े

Web Title-Japan to Accelerate Use of AI and Unmanned Technology in Defense: PM Takaichi
खास खबर Hindi News के अपडेट पाने के लिए फेसबुक पर लाइक और ट्विटर पर फॉलो करे!
(News in Hindi खास खबर पर)
Tags: pm takaichi, japan, ai, hindi news, news in hindi, breaking news in hindi, real time news
Khaskhabar.com Facebook Page:

प्रमुख खबरे

आपका राज्य

Traffic

जीवन मंत्र

Daily Horoscope

वेबसाइट पर प्रकाशित सामग्री एवं सभी तरह के विवादों का न्याय क्षेत्र जयपुर ही रहेगा।
Copyright © 2026 Khaskhabar.com Group, All Rights Reserved