• Aapki Saheli
  • Astro Sathi
  • Business Khaskhabar
  • ifairer
  • iautoindia
1 of 1

पंजाब में ड्रोन रोधी तकनीक से हेरोइन की तस्करी पर लगाम, उपलब्धता में आई कमी

Anti-drone technology curbs heroin smuggling in Punjab; availability declines - Punjab-Chandigarh News in Hindi

चंडीगढ़। पंजाब पुलिस ने रविवार को कहा कि पाकिस्तान से लगती अंतरराष्ट्रीय सीमा के जरिए ड्रोन के माध्यम से होने वाली मादक पदार्थों की तस्करी रोकने के लिए सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) के साथ मिलकर अपनाई गई बहुस्तरीय रणनीति के सकारात्मक परिणाम सामने आए हैं। इसके चलते पंजाब में हेरोइन की उपलब्धता में कमी आई है। पुलिस के मुताबिक, राज्य में ड्रोन गतिविधियों पर नजर रखने और उन्हें निष्क्रिय करने के लिए नौ एंटी-ड्रोन सिस्टम तैनात किए जा रहे हैं। इनमें 'बाज आंख' के तीन सिस्टम शामिल हैं, जो अगस्त 2025 से अमृतसर, तरनतारन और फिरोजपुर में सक्रिय हैं। ये सिस्टम संदिग्ध ड्रोन की शुरुआती स्तर पर पहचान करने और उन्हें जाम करने में सक्षम हैं। इसके अलावा, ड्रोन सेंस डी200 प्रो की तीन यूनिट 3 सितंबर को सीमावर्ती जिलों में रणनीतिक स्थानों पर तैनात की गईं। यह लंबे समय तक काम करने वाला मोबाइल ड्रोन डिटेक्शन प्लेटफॉर्म है। पुलिस के अनुसार, इसकी मदद से ड्रोन से जुड़ी गतिविधियों और वास्तविक ड्रॉपिंग लोकेशन की सटीक पहचान हो रही है, जिससे जमीन पर तत्काल कार्रवाई संभव हो रही है।
पुलिस प्रवक्ता ने बताया कि त्वरित कार्रवाई के लिए 147 पुलिसकर्मियों वाली 52 ड्रोन रिस्पॉन्स टीमें (डीआरटी) बनाई गई हैं। ये टीमें बीएसएफ के साथ करीबी समन्वय में काम करती हैं। ड्रोन अलर्ट मिलने के बाद टीमें संदिग्ध ड्रॉपिंग लोकेशन पर पहुंचकर तलाशी लेती हैं और वहां गिराए गए मादक पदार्थों के खेप को लेने पहुंचने वाले लोगों को पकड़ती हैं।
उन्होंने बताया कि इस व्यवस्था को 600 पुलिसकर्मियों वाली 64 सेकेंड-लाइन डिफेंस नाकों और 585 स्थानों पर लगाए गए 2,367 सीसीटीवी कैमरों से भी मजबूती मिल रही है।
सीमावर्ती इलाकों में गठित विलेज डिफेंस कमेटियों (वीडीसी) को भी ड्रोन रिस्पॉन्स टीमों के साथ जोड़ा गया है। पुलिस के अनुसार, ये समितियां उसके लिए "आंख और कान" की तरह काम कर रही हैं और संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी उपलब्ध कराने में मदद कर रही हैं।
पंजाब पुलिस के 'युद्ध नशों के विरुद्ध' अभियान के तहत 1 मार्च 2025 से अब तक करीब 80,000 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। अभियान के दौरान कुल 486 ड्रोन बरामद किए गए हैं।
पुलिस ने मादक पदार्थों के नेटवर्क की आर्थिक कमर तोड़ने के लिए वित्तीय जांच भी तेज की है। इसके तहत 336 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य की संपत्तियां फ्रीज की गई हैं।
ड्रोन बरामदगी को प्रोत्साहित करने के लिए लागू इनाम नीति के तहत प्रत्येक ड्रोन की बरामदगी पर 25,000 रुपये का नकद इनाम दिया जाता है। पुलिस के मुताबिक, इस साल अब तक इस इनाम नीति के तहत करीब 2 करोड़ रुपये वितरित किए जा चुके हैं। हालांकि, पंजाब पुलिस ने कहा कि मादक पदार्थों के खिलाफ कार्रवाई में अब एक नई चुनौती सामने आ रही है। ताजा रुझानों के मुताबिक, दूसरे राज्यों से पंजाब में तस्करी कर लाई जा रही फार्मास्युटिकल ड्रग्स अब सबसे बड़ी चुनौती बनकर उभरी हैं।
राज्य में जब्त की गई फार्मास्युटिकल दवाओं के आंकड़ों के विश्लेषण के अनुसार, इनमें से ज्यादातर का निर्माण पंजाब में नहीं होता। ये दवाएं मुख्य रूप से हिमाचल प्रदेश, गुजरात, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा और दिल्ली समेत अन्य राज्यों में बनाई जाती हैं।
--आईएएनएस

ये भी पढ़ें - अपने राज्य / शहर की खबर अख़बार से पहले पढ़ने के लिए क्लिक करे

यह भी पढ़े

Web Title-Anti-drone technology curbs heroin smuggling in Punjab; availability declines
खास खबर Hindi News के अपडेट पाने के लिए फेसबुक पर लाइक और ट्विटर पर फॉलो करे!
(News in Hindi खास खबर पर)
Tags: punjab police, anti drone technology, drone smuggling, heroin smuggling, bsf, international border, drug trafficking, anti narcotics operation, drone response teams, drone detection system, punjab drugs, war against drugs, village defence committees, cctv surveillance, pharmaceutical drugs, punjab news, crime news, drug control, hindi news, news in hindi, breaking news in hindi, real time news, punjab-chandigarh news, punjab-chandigarh news in hindi, real time punjab-chandigarh city news, real time news, punjab-chandigarh news khas khabar, punjab-chandigarh news in hindi
Khaskhabar.com Facebook Page:
स्थानीय ख़बरें

पंजाब से

प्रमुख खबरे

आपका राज्य

Traffic

जीवन मंत्र

Daily Horoscope

वेबसाइट पर प्रकाशित सामग्री एवं सभी तरह के विवादों का न्याय क्षेत्र जयपुर ही रहेगा।
Copyright © 2026 Khaskhabar.com Group, All Rights Reserved